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पानीपत में शुगर मिल की जमीन पर बनेगा पार्क, 30 जून का तक हैंड ओवर करनी होगी जमीन

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पानीपत :- पानीपत में डाहर स्थित नई आधुनिक शुगर मिल की सौगात मिलने के बाद गोहाना रोड स्थित पुरानी शुगर मिल में पेराई बंद हो चुकी है. यह लगभग 70 एकड़ में फैली थी. अब उसकी आधी यानि, 35 एकड़ जमीन में HSVP (हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण) नया सेक्टर विकसित करेगा. जहां पार्क के अलावा पौधे उगा छोटे छोटे जंगल भी उगाये जाएंगे. ताकि साथ में हरियाली भी बनी रहे. तीन दिन पहले मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने भी इसके लिए घोषणा की. वहीं एचएसवीपी की तरफ से भी नया सेक्टर विकसित करने को लेकर तैयारी शुरू कर दी गई है. बताया जा रहा है कि बाकी जमीन पर व्यवसायिक मार्केट भी बनाई जा सकती है.

panipat sugar mill

30 जून तक हैंडओवर करनी होगी जमीन

शुगर मिल के MD नवदीप सिंह का कहना है कि पुरानी शुगर मिल की जगह में सरकार ने एचएसवीपी को सेक्टर व मार्केट काटने की योजना करने की जिम्मेदारी दी है. जहां आधी जमीन में नया रिहायशी सेक्टर बनाया जायेगा. इसको लेकर यूएचएसवीपी के चीफ प्रशासक की तरफ से पंचकूला स्थित शुगर फेड आफिस में 30 जून तक पुरानी मिल की जमीन को हैंडओवर करने संबंधित पत्र भी भेज दिया गया. जो शुगर फेड आफिस से हमारे पास आ चुका है. उसके अनुसार पुरानी मिल में जो मशीनें लगी हैं, उनकी नीलामी केंद्र सरकार की एजेंसी नेशनल फेडरेशन शुगर इंडिया न्यू दिल्ली करेगी. इसको लेकर उनकी तरफ से एजेंसी को पत्र भेजा गया है.

भाप के इंजन से चलती थी शुगर मील

पुरानी शुगर मिल करीब 70 एकड़ में फैली हुई है. जो 1956 में लगी थी. जहां भाप से चलने वाले इंजनों के जरिये मशीनों को चलाकर गन्ने की पेराई की होती थी. पुरानी मिल की क्षमता करीब 18 हजार क्विंटल प्रतिदिन पेराई करने की थी. जिसके द्वारा सीजन में करीब 31 लाख क्विंटल गन्ने की पेराई ही हो पाती है. जबकि जिले में गन्ने की पैदावार 70 लाख क्विंटल के करीब होती है. ऐसे में किसानों को गन्ना लेकर दूसरे प्रदेशों में जाना पड़ता था. नई मिल से ये समस्या मिट जाएगी.

नहीं बेचे जाएंगे पुराने भाप के इंजन

एमडी ने बताया कि पुरानी शुगर मिल में भाप के ईंजन लगे हुए है. जो बेहद पुराने हैं. उन्हीं से मिल चलती थी. लेकिन वो उन दोनों ईंजन को नहीं बेचेंगे. उन्हें ऐतिहासिक यादगार के तौर पर डाहर स्थित नई शुगर मिल में दोनों मैन गेट पर फाउंडेशन तैयार करा वहां रखवाने की योजना है. ताकि किसानों की आने वाली पीढ़ी भी उन्हें देख गोहाना रोड स्थित पुरानी शुगर मिल के इतिहास को जान सके. इस बारे में वो शुगर फेड आफिस में पत्र लिखकर स्वीकृति भी लेंगे.

आसपास के लोगों को भी होगा लाभ

गोहाना रोड स्थित पुरानी मिल की जगह पर एचएसवीपी द्वारा सेक्टर विकसित करने की खबर उसके आस पास की आजाद नगर, राज नगर, संजय कालोनी, मुखीजा कालोनी, न्यू मुखीजा कालोनी, सतकरतार आदि कालोनी में रहने वाले हजारों लोगों के लिए भी लाभदायक सिद्ध होगी. इससे न केवल उन्हें मिल से निकलने वाली दुर्गंध से छुटकारा मिलेगा, बल्कि मार्केट बनने पर सामान आदि की खरीदारी भी पास से ही होजायेगी. वहीं मिल में खुले में डाली जाने वाली राख से होने वाली समस्या से भी निजात मिलेगी.

Author Deepika Bhardwaj

नमस्कार मेरा नाम दीपिका भारद्वाज है. मैं 2022 से खबरी एक्सप्रेस पर कंटेंट राइटर के रूप में काम कर रही हूं. मैंने कॉमर्स में मास्टर डिग्री की है. मेरा उद्देश्य है कि हरियाणा की प्रत्येक न्यूज़ आप लोगों तक जल्द से जल्द पहुंच जाए. मैं हमेशा प्रयास करती हूं कि खबर को सरल शब्दों में लिखूँ ताकि पाठकों को इसे समझने में कोई भी परेशानी न हो और उन्हें पूरी जानकारी प्राप्त हो. विशेषकर मैं जॉब से संबंधित खबरें आप लोगों तक पहुंचाती हूँ जिससे रोजगार के अवसर प्राप्त होते हैं.

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