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Education

अब जमीन पर नहीं बैठेंगे देश के भविष्य, हरियाणा के सभी सरकारी स्कूलों में छात्रों को मिलेंगे डेस्क

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चंडीगढ :- हर साल जिले के कई सरकारी स्कूलों में न्यूनतम छह डिग्री तापमान में बच्चे ठिठुरते हुए पढ़ाई करते है, लेकिन विभाग का दावा है कि उनके पास अतिरिक्त बेंच हैं, फिर भी बच्चे टाट- पट्टी के सहारे जमीन पर पढ़ाई करने को मजबूर हैं. वहीं, कई जगह कमरे नहीं होने से बच्चे बरामदे में पढ़ रहे हैं. पर अब हरियाणा सरकार ने राज्य के सभी सरकारी स्कूलों को लेकर बड़ा फैसला लिया है. सर्दी के मौसम में स्कूलों के छात्र-छात्राएं ठिठुरते नहीं दिखेंगे.

सरकारी स्कूलों की सुविधाओं पर विशेष ध्यान

दरअसल, सरकारी स्कूलों में हर छात्र को हरियाणा स्कूल में Dual Desk उपलब्ध कराने और बुनियादी ढांचे में सुधार की दिशा में अग्रसर है. सिरसा जिले में 845 सरकारी स्कूल हैं. प्रखंड में कई ऐसे स्कूल हैं जहां आधे से ज्यादा छात्र जमीन पर बैठकर क्लास लेते हैं. वहीं MIS पोर्टल पर छात्रों की संख्या के हिसाब से ड्यूल डेस्क उपलब्ध कराए जाएंगे. मुख्यमंत्री के निर्देश पर शिक्षा विभाग सरकारी स्कूलों को टाट- पट्टी से मुक्त कराने की कवायद शुरू करेगा. शिक्षा विभाग ने कक्षा एक से बारहवीं तक के विद्यार्थियों की संख्या के अनुसार ड्यूल डेस्क उपलब्ध कराने की तैयारी शुरू कर दी है.

मुख्यालय की ओर से जारी हुआ बजट 

बजट और सैंपल के आधार पर स्कूल स्थानीय बाजार से अपना डेस्क खरीदेगा. इसके लिए मुख्यालय की ओर विशेष Budget भी जारी किया गया हैसबसे पहले जिलों के एक ब्लॉक में ड्यूल डेस्क उपलब्ध कराए जाएंगे. प्रखंड के करीब 200 स्कूलों में शुरुआती चरण में ड्यूल डेस्क उपलब्ध होंगे. स्कूल प्रमुख की स्कूल प्रबंधन समिति इस काम में मदद करेगी. विभाग द्वारा 400 रुपये प्रति बेंच की दर से लगभग 6 लाख रुपये का Budget जारी किया गया है.

बेंचों का होगा विशेष प्रावधान

छात्रों की संख्या के हिसाब से जरूरत को ध्यान में रखते हुए स्कूलवार रिपोर्ट तैयार की जा रही है. विद्यालयों से प्राप्त रिपोर्ट के प्राथमिक आंकड़ों के अनुसार प्रखंड के 200 विद्यालयों में दो हजार से अधिक बेंच भीड़भाड़ वाली स्थिति में हैं. जिन्हें कबाड़ या खाली जगह में रखा गया है. अधिकारियों के मुताबिक करीब 6,000 बेंचों की जरूरत है. कई स्कूल ऐसे हैं जहां 20 से 30 बेंच की जरूरत है. वहीं, कई स्कूल ऐसे भी हैं जहां 200 से ज्यादा बेंच भेजी जानी हैं. अधिकारियों के मुताबिक नई बेंच लाने के साथ ही ऐसी बेंचों की मरम्मत भी की जाएगी. बेंच को प्रयोग करने योग्य बनाने के लिए किसी भी दोषपूर्ण हिस्से को बदल दिया जाएगा.

Rajat Sisodia

Rajat Sisodia is a journalist who expertise in writing digital news on Entertainment or Daily News Coverage Category. Rajat Sisodia have 7+ years of experience as a news article writer.

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