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New Delhi

Free Ration Update: गेहू की कमी के चलते केंद्र सरकार का बड़ा फैसला, राशन कार्ड लाभार्थियों को अब नहीं मिलेगा फ्री गेहूं! जानिए नया प्लान

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नई दिल्ली :- अगर आप भी राशन कार्ड लाभार्थी हैं तो आपके लिए यह खबर बड़े काम की है. सरकार ने Free Ration को लेकर एक बड़ा फैसला किया है, जिससे आपको बड़ा झटका भी लग सकता है. सरकार इस बार भी गेहूं की जगह चावल ही आवंटित कर सकती है. दरअसल, प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत 19-30 जून तक Free Ration वितरण के तहत लाभार्थियों को गेंहू की जगह 5 किलो चावल वितरित किया गया था. बताया जा रहा है कि सरकार इस बार भी गेहूं की जगह चावल ही बांट सकती है. यानी आप इस बार भी Free Ration के तहत गेहूं से वंचित ही रह जाएंगे. पहले भी इस संबंध में खाद्य व रसद विभाग के आयुक्त द्वारा आदेश जारी कर दिए गए थे.

गेहूं की जगह मिलेगा चावल

दरअसल, अब तक फ्री राशन योजना के तहत लाभार्थियों को 3 किलो गेहूं और 2 किलो चावल वितरित किया जाता था, लेकिन पिछले सेशन में सरकार ने गेहूं की जगह चावल ही आवंटित किया था. दरअसल, खाद्य व रसद विभाग के आयुक्त की तरफ से जारी आदेश के अनुसार, इस बार गेहूं की जगह लाभर्थियों को सिर्फ 5 किलो चावल दिया गया है. UP के साथ ही सरकार ने कई राज्यों में गेहूं के कोटे को कम करने का फैसला किया गया, और आगे भी सरकार गेहूं की जगह चावल का ही आवंटन कर सकती है.

गेहूं की कमी की वजह से लिया फैसला

गौरतलब है कि गेहूं की कम खरीद होने की वजह से ही सरकार ने राशन के कोटे में गेहूं की मात्रा कम करने पर एक बार फिर से विचार कर सकती है. इससे पहले भी Government ने फ्री राशन में गेहूं की जगह चावल ही आवंटित किया था. बता दें कि ये संशोधन केवल प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (PMGKAY) के लिए किया जा रहा है. इससे पहले भी सरकार द्वारा गेहूं की जगह पर लगभग 55 लाख मीट्रिक टन चावल का अतिरिक्त आवंटन किया गया था.

कैसे मिलेगा राशन?

जानकारी के अनुसार आपको बता दें कि अगर आपको भी सरकार की इस योजना का लाभ मिलता है तो आप पोर्टबिलिटी चालान के माध्यम से Rice ले सकते है. गौरतलब है कि 30 जून तक आधार प्रमाणीकरण के माध्यम से खाद्यान्न ना ले पाने वाले पात्र व्यक्तियों को मोबाइल ओटीपी वेरीफिकेशन के माध्यम से चावल का वितरण किया गया है. वितरण के समय पारदर्शिता के लिए सभी दुकानों पर जिलाधिकारी द्वारा नामित नोडल अधिकारी तैनात किए गए थे.

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